कांग्रेस सेवादल के संस्थापक डॉ. नारायण सुब्बाराव हर्डिकर जी की 51वीं पुण्यतिथि मनाई गई
आज कांग्रेस सेवादल के संस्थापक, पद्म विभूषण से सम्मानित महान स्वतंत्रता सेनानी एवं पूर्व सांसद डॉ. नारायण सुब्बाराव हर्डिकर जी की 51वीं पुण्यतिथि पर रुड़की में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर कांग्रेस पार्टी के प्रदेश सचिव आदरणीय बड़े भाई श्री सुधीर शांडिल्य जी, रुड़की के पूर्व प्रदेश महासचिव श्री सचिन गुप्ता जी, जिला अध्यक्ष श्री सुशील कश्यप जी एवं अन्य कार्यकर्ताओं ने डॉ. हर्डिकर जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें सादर नमन एवं विनम्र श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम में राहुल सैनी, पूर्व प्रदेश महासचिव कांग्रेस सेवादल उत्तराखंड सहित बड़ी संख्या में सेवादल के कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
डॉ. नारायण सुब्बाराव हर्डिकर जी का जीवन परिचय
जन्म: 15 जुलाई 1889, हुबली, कर्नाटक
पुण्यतिथि: 25 अगस्त 1975
सम्मान: पद्म विभूषण – 1971
उपनाम: “कर्नाटक के गांधी”
डॉ. हर्डिकर जी पेशे से डॉक्टर थे लेकिन उन्होंने अपना पूरा जीवन देश सेवा को समर्पित कर दिया।
भारत के लिए किए गए महान कार्य
1. कांग्रेस सेवादल की स्थापना – 1923
गांधी जी के निर्देश पर डॉ. हर्डिकर जी ने देशभर में अनुशासित स्वयंसेवकों का संगठन “कांग्रेस सेवादल” बनाया। आजादी की लड़ाई में सेवादल ने जुलूस, सत्याग्रह और राहत कार्यों में अहम भूमिका निभाई।
2. स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान
- असहयोग आंदोलन, सविनय अवज्ञा आंदोलन और भारत छोड़ो आंदोलन में सक्रिय भागीदारी
- कई बार जेल गए और यातनाएं सहीं
- कर्नाटक में खादी और स्वदेशी आंदोलन को मजबूत किया
3. समाज सेवा और सुधार
- अस्पृश्यता उन्मूलन और हरिजन कल्याण के लिए काम किया
- गरीबों के लिए मुफ्त चिकित्सा शिविर लगाए
- ग्रामीण शिक्षा और महिला सशक्तिकरण पर जोर दिया
4. संसदीय जीवन
आजादी के बाद वो राज्यसभा सांसद रहे। संसद में स्वास्थ्य, शिक्षा और ग्रामीण विकास के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।
5. गांधीवादी विचार
सत्य, अहिंसा, सेवा और त्याग को अपने जीवन का आधार बनाया। उनका मानना था – “सेवा ही सबसे बड़ी पूजा है”
श्रद्धांजलि सभा में वक्ताओं के विचार
श्री सुधीर शांडिल्य जी ने कहा – “डॉ. हर्डिकर जी ने सेवादल के माध्यम से देश को अनुशासित कार्यकर्ता दिए। हमें उनके पदचिन्हों पर चलना है।”
श्री सचिन गुप्ता जी ने कहा – “आज जरूरत है हर्डिकर जी के सेवा भाव को अपनाने की।”
श्री सुशील कश्यप जी ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वो जनता की सेवा को सर्वोपरि रखें।
राहुल सैनी ने कहा – “डॉ. हर्डिकर जी की 51वीं पुण्यतिथि पर हम संकल्प लेते हैं कि सेवादल के अनुशासन और सेवा के मूलमंत्र को आगे बढ़ाएंगे।”
कार्यक्रम के अंत में 2 मिनट का मौन रखकर महान आत्मा को श्रद्धांजलि दी गई।
जय हिंद, जय कांग्रेस, जय सेवादल 🇮🇳
